पाकुड़ विधानसभा में रोजगार और स्वास्थ्य सेवा का हाल बेहाल : अकिल अख्तर
समाजवादी पार्टी से नाता तोड़कर एआईएमआईएम का दामन थामने के बाद पूर्व विधायक सह एआईएमआईएम नेता अकिल अख्तर शनिवार को पहली बार मीडिया से मुखातिब हुए। बरहरवा प्रखंड के श्रीकुंड बाजार स्थित पार्टी कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि झारखंड बने 25 वर्ष बीत जाने के बावजूद पाकुड़ विधानसभा क्षेत्र के लोगों को आज भी रोजगार और स्वास्थ्य जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है।
अकिल अख्तर ने कहा कि पाकुड़ विधानसभा क्षेत्र के गरीब मजदूर रोजगार की तलाश में दूसरे राज्यों में पलायन करने को मजबूर हैं। कई मजदूर बाहर काम करने के दौरान अपनी जान गंवा देते हैं, लेकिन उनकी पार्थिव देह को घर लाने तक के लिए न तो वर्तमान विधायक और न ही पूर्व मंत्रियों द्वारा कोई ठोस पहल की गई है।
उन्होंने आरोप लगाया कि पाकुड़ विधानसभा क्षेत्र में भ्रष्टाचार चरम पर है। विभिन्न सरकारी कार्यालयों में रिश्वतखोरी आम बात हो गई है, जिसका खामियाजा भोली-भाली जनता को भुगतना पड़ रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर आम जनता की गलती क्या है।
अकिल अख्तर ने कहा कि आज भी क्षेत्र के लोग मूलभूत समस्याओं से जूझ रहे हैं। यहां रोजगार के साधन नहीं हैं। स्वास्थ्य, शिक्षा और सड़क की स्थिति बेहद दयनीय है। उन्होंने वर्तमान विधायक एवं पूर्व मंत्री पर तंज कसते हुए कहा कि लगभग 20 वर्षों से क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने के बावजूद समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं।
उन्होंने किसानों की स्थिति पर भी चिंता जताते हुए कहा कि प्रतिवर्ष गुमानी नदी के उफान एवं अतिवृष्टि से बाढ़ आती है, जिससे धान की फसल बर्बाद हो जाती है, लेकिन किसानों को अब तक क्षतिपूर्ति का मुआवजा नहीं मिल पाता है। इस दौरान उन्होंने अपने कार्यकाल में कराए गए विकास कार्यों की भी जानकारी दी।
वहीं, युवा नेता अफीफ अमसल ने कहा कि पाकुड़ विधानसभा क्षेत्र सहित पूरे झारखंड में एआईएमआईएम संगठन को मजबूत किया जाएगा और जनता की समस्याओं के समाधान के लिए पार्टी पूरी मजबूती से आवाज उठाएगी।
इस मौके पर बरहरवा प्रखंड के सपा प्रखंड कमिटी सहित विभिन्न पंचायतों के लगभग दो दर्जन से अधिक लोगों ने एआईएमआईएम की सदस्यता ग्रहण की। पूर्व विधायक अकिल अख्तर एवं युवा नेता अफीफ अमसल ने सभी नए सदस्यों को पार्टी का पट्टा पहनाकर सम्मानपूर्वक पार्टी में शामिल कराया।
कार्यक्रम में अंसार अली (मिंटू), मो. साइबान, सरफराज अहमद, अहमद मुखिया, रमजान मुखिया, हैदर अली, विरेंद्र साहा, बादीर शेख, आबू सुफियान, अबुल कलाम, शेर अली, राजकुमार साहा, जितेंद्र रजक, आसु शेख, मो. सद्दाम, इमदादुल, मासूद, वसीम अख्तर सहित दर्जनों कार्यकर्ता उपस्थित थे।










