सुविधाओं से कोसो दूर है कालीदासपुर गांव के ग्रामीण
सदर प्रखंड के कालीदासपुर पंचायत के लोग आज भी मुलभूत सुविधाओं से कोसों दूर है। लोग पेयजल, सड़क, शिक्षा के प्रति काफी पिछड़ा है। पिछड़ेपन को दूर कराने में जनप्रतिनिधि आज भी आगे नहीं आए है। इस पंचायत में आधा दर्जन से अधिक गांव शामिल है। एक गांव से दूसरी गांव तक पहुंचने वाली मुख्य सड़क का निर्माण कार्य तो चल रहा है। इससे गांव के लोगों को दूसरे गांव तक जाने के लिए सुविधा मिलेगी। लेकिन गांव के अंदर में लोगों को पत्थरीले व जर्जर सड़क से होकर आवागमन करना पड़ता है। ग्रामीण बड़का हेम्ब्रम, बेटीमय सोरने, छुतार किस्कू, दुर्गा मुर्मू, लखन रविदास, सोमय टुडू, निमय हांसदा ने बताया कि गांव में लगे स्ट्रीट लाइट खराब होने से लोगों को रात के समय इन पथरीले सड़क से होकर आवागमन करने में दिक्कतें होती है। पंचायत की आबादी पांच से छह हजार की है। यहां के अधिकांश लोग पत्थर खदान, क्रशर में दिहाड़ी मजदूरी करते हैं। गांव के स्कूलों में शिक्षकों की कमी के कारण शिक्षा का बेहतर लाभ बच्चों को नहीं मिल रहा है। आंगनबाड़ी केंद्र होते हुए भी समय पर सेविका नहीं पहुंचने पर नौनिहालों को बेहतर शिक्षा नहीं मिल रहा है।
गांव में छाया रहता है सन्नाटा….
कालीदासपुर गांव रविवार सुबह दस बजे पहुंचने पर सड़के पूरी तरह से सनाटा पाया गया। सड़कों पर एकाध लोग ही दिखाई दिया। लोगों को पूछने पर बताया कि लोग रातभर क्रशरों में ट्रैक्टर, ट्रक में गिट्टी लोड करते हैं, सुबह होने पर लोग अपने-अपने घरों पर आराम करते हैं। जिस कारण गांव के लोग दिन में कम दिखाई देते है। जो भी लोग दिन में रहते हैं वह भी पत्थर खदानों में काम के लिए चले जाते हैं।










