एचसीएल माइंस मजदूरों को मिला नया सुरक्षा कवच, अब घर से ड्यूटी जाते वक्त दुर्घटना भी ‘रोजगार संबंधित’
सुरक्षा कवच के तहत यदि मजदूर माइंस में काम करने के लिए घर से निकलता है। उस दौरान रास्ते में यदि वह सड़क दुर्घटना का शिकार हो जाता है, तो ऐसी स्थिति में नई श्रम संहिता के तहत इसे” इम्पलाइमेंट रिलेटेड” से परिभाषित करते हुए श्रम कानून में जगह दी गई है। अब तक मजदूरों को ड्यूटी से घर तक लौटने के क्रम के दौरान हुई दुर्घटना को इम्पलाइमेंट रिलेटेड अर्थात रोजगार से संबंधित माना जाता था, परंतु नई श्रम संहिता में घर से माइंस में ड्यूटी के लिए जाने के क्रम में कोई दुर्घटना का लाभ मिलने से मजदूर और उसके परिवारों के लिए काफी राहत वाली खबर है। ऐसी स्थिति में मजदूरों और उसके परिजनों को इंश्योरेंस की राशि का भुगतान मुआवजा के तौर पर देने का प्रावधान हो गया है। मालूम हो कि अब तक माइंस मजदूर घर से माइंस ड्यूटी जाने के क्रम में हमेशा डर के साए में जीते थे, उन्हें लगता था कि यदि रास्ते में किसी तरह की दुर्घटना हो गई तो उनका और उनके परिवार का क्या होगा। लेकिन अब इस सुरक्षा कवच से मजदूर बेफिक्र और टेंशन मुक्त होकर घर से माइंस ड्यूटी के लिए जाएंगे। मालूम हो कि अब तक सुरदा माइंस के आधा दर्जन मजदूर वर्ष 2007 के बाद एचसीएल में ठेका कंपनी आने के बाद घर से माइंस जाने के क्रम में हुई दुर्घटना का शिकार हुए हैं। कुछ परिस्थितियों में उनकी मौत भी हो गई थी। ऐसी स्थिति में उनके परिजन को मुआवजा नहीं मिलने से उनकी आर्थिक स्थिति काफी खराब हो गई है। पंरतु अब इस डर से मजदूर और उसके परिजनों को काफी राहत मिलेगा।










