वोटर आईडी के लिए आधार कार्ड में जन्मतिथि से हो रहा छेड़छाड़
पाकुड़ सदर प्रखंड क्षेत्र में नया वोटर आईडी के लिए आधार कार्ड में दर्ज जन्मतिथि से छेड़छाड़ के मामले सामने आ रहे हैं। आधार कार्ड में दर्ज जन्मतिथि से जुड़े गलत जानकारियां दिए जा रहे हैं। जिसका उद्देश्य सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने में इस्तेमाल किया जाना है। यह मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार ईलामी, झिकरहटी पूर्व, झिकरहटी पश्चिमी, नवादा, सीतारामपुर, सीतापहाड़ी, शाहबाजपुर, कुमारपुर, संग्रामपुर आदि गांवों में ऐसे मामलों की चर्चाएं हैं। सूत्रों का कहना है कि ग्रामीण इलाकों में काफी दिनों से यह ट्रेंड चल रहा है। आधार कार्ड में दर्ज जन्मतिथि से छेड़छाड़ कर वोटर आईडी के लिए एप्लाई किया जाता है। एनभीएसपी पोर्टल और वोटर हेल्प लाइन पर वोटर आईडी के लिए आवेदन दिया जाता है। इसमें सीएससी संचालक, प्रज्ञा केंद्र, पंचायत सहायक के साथ-साथ बिचौलिया किस्म के लोगों की बड़ी भूमिका है। जिसके जरिए युवतिओं को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने का प्रलोभन देकर अपनी जाल में फंसाकर रुपए लूटने का काम करते हैं। इन सीएससी संचालक, प्रज्ञा केंद्र, पंचायत सहायक और बिचौलियों के द्वारा भोले-भाले युवतियों को फंसाकर मोटी रकम की वसूली की जाती है। सूत्रों के मुताबिक उम्र पूरा नहीं होने के बावजूद जन्मतिथि बढ़ाकर वोटर आईडी के लिए एप्लाई करा दिया जाता है। ये लोग अपनी आईडी से तो एप्लाई करते ही हैं, कभी-कभी आवेदक का आईडी बनाकर भी एप्लाई कर दिया जाता है। सूत्रों के मुताबिक वोटर आईडी का इस्तेमाल सुकन्या योजना, सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना, मंईयां सम्मान योजना के लिए इस्तेमाल किया जाता है। इसके लिए वोटर आईडी बनाकर देने वाले सीएससी संचालक, प्रज्ञा केंद्र संचालक, पंचायत सहायक और बिचौलियों मोटी रकम वसूलने का काम करता है। सूत्रों का दावा है कि इस तरह से हजारों युवतियों को वोटर आईडी बनाकर दिया गया है और सरकारी योजनाओं का लाभ भी ले रहे हैं।










