बाजार में तिलकूट-तिलवा की खूब हो रही बिक्री
जिला मुख्यालय के अलावे प्रखंड क्षेत्रों में मकर संक्रांति का पर्व बुधवार को मनाया जाएगा। मान्यता है कि मकर संक्रांति पर पवित्र नदी, गंगा में स्नान ध्यान कर तिल, गुड़, कंबल एवं खिचड़ी जरूरतमंद लोगों व ब्राह्मण को दान करने से पुण्य मिलता है। मकर संक्रांति को लेकर लोगों ने तिलकुट आदि की जमकर खरीदारी शुरू कर दी है।मकर संक्रांति को लेकर शहर के हाटपाड़ा, हरिणडांगा बाजार, गांधी चौक पर तिलकुट की दुकानें सज गई हैं। फेरी लगाकर गांव-गांव में तिलकुट बेचे जा रहे हैं। गया से भी तिलकुट बनाने वाले कारीगर पाकुड़ पहुंचकर तिलकुट बना रहे हैं। चीनी व गुड़ के अलावा खोआ सहित कई तरह के तिलकुट बाजार में उपलब्ध है। किराना दुकान में भी तिलकुट की बिक्री हो रही है। ग्राहकों की मांग को देखते हुए मावा मिश्रित तिलकुट का निर्माण बड़े पैमाने पर चल रहा है। दुकानदारों ने बताया कि दो सौ से पांच सौ रुपये प्रति किलो के दर पर तरह-तरह के तिलकुट की बिक्री हो रही है।










